महाराष्ट्र के अमरावती में एक मिनी बस ड्राइवर ने अपनी बहादुरी से यात्रियों की जान बचा ली. साथ ही यात्रियों को लुटने से भी बचा लिया. दरअसल अमरावती से नागपुर की ओर जाने वाली मिनी बस (ट्रैवलर) पर लुटेरों ने गोलीबारी कर दी.
लुटेरों द्वारा चलाई गई एक गोली उस ट्रैवलर की बांह पर लग गई. इसके बावजूद ड्राइवर ने अपनी जान की परवाह किए बिना घायल अवस्था में गाड़ी को 30 किलोमीटर तक भगाता रहा और सीधे पुलिस स्टेशन पहुंचकर अपनी गाड़ी रोकी. इस घटना में 3 लोग जख्मी हो गए.
घटना को लेकर ड्राइवर ने बताया कि रात के करीब दो बजे अमरावती में जैसे ही उन्होंने टोल नाका पार किया लगातार एक कार को पीछा करते हुए देखा. उन्हें लुटेरों के होने का अंदेशा हुआ तो गाड़ी की स्पीड बढ़ा दी. नागपुर की ओर जा रहे ट्रैवलर पर कार सवार लुटेरों ने फायरिंग कर दी.
ड्राइवर को गोली लग गई, लेकिन फिर भी उसने हाइवे पर गाड़ी नहीं रोकी और सीधे तिवसा पुलिस स्टेशन में जाकर गाड़ी खड़ी कर दी. पुलिस कर्मियों ने ड्राइवर को तुरंत सरकारी अस्पताल में भर्ती करवाया. घटना की जानकारी नंदगांव पेट पुलिस थाने के थानेदार और अमरावती के ग्रामीण क्राइम ब्रांच के अधिकारी ने दी है.
इस मामले की जांच के दौरान पता चला कि इन्हीं लुटेरों ने इससे पहले एक और घटना को अंजाम दिया था. एक ट्रक चालक को सुनसान जगह पर रुकवा कर उसे पेड़ से बांधकर दस हजार रुपये कैश और मोबाइल फोन लूट लिया था.

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