- प्रियंका की बेटी का 12 हफ्ते पहले सरोगेसी से हुआ जन्म : रहना होगा अभी अस्पताल में
प्रियंका चोपड़ा और निक जोनस के सरोगेसी के जरिये माता पिता बनने की खबर आने के बाद से ही बॉलीवुड से लेकर हॉलीवुड तक सभी उन्हें बधाइयां दे रहे हैं। पर अब खबर आई है कि उनका बेबी प्रीमेच्योर है। इस कारण उस अभी कुछ हफ्तों तक डॉक्टरों की देखरेख में रहना होगा।
प्रियंका की नन्ही बिटिया का जन्म शादी के 3 साल 22 दिन बाद हुआ है। बता दे प्रियंका और निक जोनस सरोगेसी (Priyanka Chopra Surrogacy) के जरिए बेटी के माता-पिता बने हैं।
एक रिपोर्ट कें मुताबिक साउदर्न कैलिफ़ोर्निया अस्पताल में सरोगेसी के जरिए जन्मी प्रियंका और निक जोनस की बच्ची हेल्दी नहीं है।
ऐसे में जब तक वह पूरी तरह से ठीक नहीं हो जाती, उन्हें डॉक्टरों की निगरानी में रखा जाएगा। बच्ची के पूरी तरह से स्वस्थ हो जाने के बाद ही प्रियंका और निक उसे घर लेकर आएंगे।
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार प्रियंका चोपड़ा और निक जोनस के पहले बच्चे का जन्मअप्रैल 2022 में होने वाला था, लेकिन शुक्रवार को निक और प्रियंका ने अचानक ही इंस्टाग्राम पर यह खबर साझा की कि उनके घर नन्हा मेहमान आ चुका है।
हालांकि, अपनी इस पोस्ट में उन्होंने यह नहीं लिखा कि उनका बच्चा लड़का है या लड़की। वहीं, प्रियंका की कजिन मीरा चोपड़ा (Meera Chopra) ने पुष्टि की कि, प्रियंका-निक के घर बेटी का जन्म हुआ है।
हालांकि प्रियंका और निक जोनस की तरफ से इन खबरों को लेकर अब तक कोई प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।
तस्लीमा नसरीन का 'रेडीमेड बेबीज' कमेंट हो रहा वायरल
प्रियंका के मां बनने के बाद सोशल मीडिया पर सरोगेसी की हो रही चर्चाओं के बीच बांग्लादेशी लेखिका तसलीमा नसरीन ने ट्वीट कर लिखा, "जब वे सरोगेसी के माध्यम से अपने रेडीमेड बच्चे प्राप्त करती हैं तो उन माताओं को कैसा लगता है? क्या उनमें भी बच्चों के लिए वही भावनाएँ होती हैं जो बच्चों को जन्म देने वाली माताओं में होती हैं?" उन्होंने लिखा, "गरीब महिलाओं के चलते सरोगेसी संभव है। अमीर लोग हमेशा अपने स्वार्थ के लिए समाज में गरीबी देखना चाहते हैं। अगर आपको बच्चे को पालने की बेहद ज्यादा जरूरत है, तो बेघर को गोद लें। बच्चों को आपके गुण विरासत में मिलने चाहिए। यह सिर्फ एक स्वार्थी अहंकारी अहंकार है।"
- ये भी पढ़ें
0 टिप्पणियाँ
आपकी टिप्पणियों, प्रतिक्रियाओं व सुझावों का स्वागत है, पर भाषा की गरिमा और शब्दों की मर्यादा अवश्य बनाए रखें.