कोरोना से लड़खड़ाई अर्थव्‍यवस्‍था को सहारा देने का एक और प्रयास करते हुए आज केंद्र सरकार ने कोविड से प्रभावित सेक्‍टरों को 1.1 लाख करोड़ का राहत पैकेज देने की घोषणा की है.केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण एक प्रेस कॉन्फ्रेंस कर इसकी घोषणा की. इस पैकेज के तहत हेल्थकेयर सेक्टर को 50,000 करोड़ और दूसरे सेक्टर्स के लिए 60,000 करोड़ रुपये की घोषणा की गई है.

इसके साथ ही उन्‍होंने कहा कि हेल्थ सेक्टर के लिए लोन पर 7.95% से अधिक ब्याज दर नहीं होगी, जबकि अन्य सेक्टर्स के लिए ब्याज 8.25% से ज्यादा नहीं होगी.लोन गारंटी स्कीम के तहत हेल्थ सेक्टर के लिए 100 करोड़ का अधितकम लोन अमाउंट रखा गया है. इस पर अधिकतम ब्याज दर 7.95 फीसदी लगेगा. 

इमर्जेंसी क्रेडिट लाइन गारंटी स्कीम यानी ECLGS में 1.5 लाख करोड़ रुपए अतिरिक्त दिए जाएंगे. ECLGS के 1.0, 2.0, 3.0 चरणों में अब तक 2.69 लाख करोड़ रुपये दिए जा चुके हैं.सबसे पहले इस स्कीम में 3 लाख करोड़ रुपये की घोषणा की गई थी. अब इस स्कीम का कुल दायरा 4.5 लाख करोड़ रुपये हो गया है.

छोटे कारोबारी और व्‍यक्तिगत आवेदक एनबीएफसी व माइक्रो फाइनेंस इंस्टीट्यूट से 1.25 लाख तक का लोन ले सकेंगे. इस पर बैंक के एमसीएलआर पर अधिकतम 2% जोड़कर ब्याज लिया जा सकेगा. इस लोन की अवधि 3 साल होगी और सरकार गारंटी देगी.

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