सुधीर कुमार ने बताया कि जब से उनकी मुलाकात सचिन तेंदुलकर से हुई, तब से ही वो मेरे लिए भगवान के समान हो गए हैं। भगवान को अगर मंदिर में जगह नहीं मिलेगी, तो कहां मिलेगी। इसीलिए मैंने सचिन सर के लिए मंदिर बनवाने का फैसला किया है।
उन्होंने बताया कि सचिन सर से मुलाकात के बाद मैंने नौकरी छोड़ दी और हर पल क्रिकेट में ही डूबा रहा। जहां भी सचिन सर का मैच होता था, मैं पहुंच जाता था। इस दौरान जब मैच देखने जाना होता, तो उसकी व्यवस्था सचिन सर करते हैं। मेरी आर्थिक हालत ठीक नहीं है, लेकिन बावजूद इसके मैंने कभी भी सचिन सर से आर्थिक मदद लेने की नहीं सोची।
2020 के बाद से सचिन सर से मुलाकात नहीं हो पाई है और ये सब कोरोना की वजह से हुआ है, लेकिन बात होती रहती है। वे लगातार मुझसे मेरे बारे में पूछते रहते हैं।

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